मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज भागीरथी प्रयास से बिहार में इतिहास रच दिया। गंगा जी के पानी को राजगीर पहुंचाकर राजगीर वासियों के लिए पीने के रूप में उपलब्ध करा दिया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज सबसे पहले हेलीकॉप्टर से उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव एवं जल संसाधन मंत्री संजय कुमार झा पहुंचे। जहां उन्होंने वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का भ्रमण किया। इसके उपरांत घोड़ा कटोरा स्थित गंगा जी राजगृह जलाशय में पूजा पाठ किया गया। इसके बाद राजगीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में गंगा जल आपूर्ति योजना का रिमोट के जरिए लोकार्पण किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजगीर के हर व्यक्ति को 135 लीटर जल प्रतिदिन दिया जाएगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि 2019 में ऑल पार्टी की मीटिंग बुलाकर 9 घंटे तक चली वार्तालाप में जल जीवन हरियाली योजना की शुरुआत की गई थी। उसी क्रम में गंगाजल को राजगीर लाने का प्लान तैयार हुआ था।
गया में कैबिनेट मीटिंग में गंगा जल उद्धव योजना को पारित किया गया था। जिसके उपरांत 3 साल से कम समय में हाथीदह से गंगा जी का पानी नवादा के मोतनजे लाया गया। जहां से आज से राजगीर वासियों के लिए गंगा जी का पानी उपलब्ध करा दिया गया।

राजगृह जलाशय में पूजा पाठ करते सीएम नीतीश और अन्य।
सोमवार से गया और बोधगया के लोगों को पीने के लिए गंगा जी का पानी मिलना शुरू हो जाएगा। गंगा जी का पानी सिर्फ राजगीर के घरों में ही नहीं बल्कि होटल, इंस्टीट्यूट एवं अलग अलग केंद्रों में भी गंगा जी का पानी उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने जरासंध अखाड़ा के पास जरासंध स्मारक बनाने का भी घोषणा किया है।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने राजगीर में बनाए गए नेचर सफारी, जू सफारी, घोड़ा कटोरा, गुरुनानक कुंड, मखदूम कुंड, वेणु वन, पांडू पोखर, नालंदा विश्वविद्यालय, पीटीसी एवं इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर का जिक्र किया और कहा कि राजगीर में हर एक चीज का विकास किया गया है। ताकि यहां आने वाले लोगों को किसी प्रकार की परेशानियों का सामना करना ना पड़े।





Comment here