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ग्रेटर मुजफ्फरपुर:शहर समेत जिले के 207 गांवों का बनेगा मास्टर प्लान, वर्ष 2041 की जरूरत का रखा जाएगा ध्यान

वर्ष 2041 में मुजफ्फरपुर महायाेजना क्षेत्र (ग्रेटर मुजफ्फरपुर) संभावित जनसंख्या व ट्रैफिक लाेड काे देखते हुए समग्र विकास का मास्टर प्लान बनाने की कवायद शुरू कर दी गई है। महायाेजना क्षेत्र में शहर के अलावा आधा दर्जन प्रखंडों के 207 गांवों काे भी शामिल किया गया है। बुधवार काे डीडीसी आशुताेष द्विवेदी की अध्यक्षता में इसको लेकर बैठक हुई।

जिसमें रेलवे समेत दाे दर्जन से ज्यादा विभागों के अधिकारी शामिल हुए। रेलवे ने वर्ष 2065 का आंकलन करते हुए मुजफ्फरपुर जंक्शन के विस्तार की रिपाेर्ट साैंपी। मास्टर प्लान बनाने के लिए सर्वे करने की जवाबदेही एजेंसी काे दी गई है। सर्वे के पहले सभी विभागों से डाटा मांगा गया है ताकि पता चल सके कि अभी क्या कुछ जन सुविधा है।

वहीं, 19 साल बाद आबादी बढ़ने के साथ सड़क, ड्रेनेज, अस्पताल, बिजली, पुलिस स्टेशन समेत अन्य किस तरह के डेवलपमेंट की जरूरत हाेगी। बैठक में अपर नगर आयुक्त, एडीएम, एसडीओ, उप नगर आयुक्त, पथ निर्माण, एनबीपीडीसीएल, रेलवे, कृषि समेत कई अन्य विभागों के अधिकारी शामिल थे। वहीं, बैठक से अनुपस्थित रहने वाले सीएस समेत अन्य विभागों के अधिकारियों से जवाब तलब किया गया है।

स्वास्थ्य विभाग से सिविल सर्जन समेत कई विभागों के अधिकारी बैठक से रहे अनुपस्थित, किया गया जवाब तलब

महायाेजना क्षेत्र में कांटी नगर परिषद, माधाेपुर सुस्ता नगर पंचायत, शहर के सटी मझाैली खेतल पंचायत, शेखपुर पंचायत, अहियापुर पंचायत, दामाेदरपुर शाहजहां व दामाेदरपुर पंचायत काे भी शामिल किया गया है। निगम के 49 वार्डों के अतिरिक्त मुशहरी, कांटी, मड़वन, कुढ़नी, बाेचहां व मीनापुर के 207 गांवों काे भी शामिल करते हुए मास्टर प्लान तैयार करना है।

शहर से सटी 5 पंचायतों का इलाका भी ग्रेटर मुजफ्फरपुर में होगा शामिल

महायाेजना क्षेत्र में कांटी नगर परिषद, माधाेपुर सुस्ता नगर पंचायत, शहर के सटी मझाैली खेतल पंचायत, शेखपुर पंचायत, अहियापुर पंचायत, दामाेदरपुर शाहजहां व दामाेदरपुर पंचायत काे भी शामिल किया गया है। निगम के 49 वार्डों के अतिरिक्त मुशहरी, कांटी, मड़वन, कुढ़नी, बाेचहां व मीनापुर के 207 गांवों काे भी शामिल करते हुए मास्टर प्लान तैयार करना है।

एनबीपीडीसीएल से 19 साल बाद की बिजली जरूरत का मांगा डाटा

बैठक में एनबीपीडीसीएल से जिले में बिजली की जरूरत का डाटा मांगा गया है। पूछा गया है कि 2041 में मुजफ्फरपुर की जनसंख्या के अनुरूप कितनी बिजली की जरूरत हाेगी। वहीं, एनएचएआई से महायाेजना क्षेत्र में पड़ने वाले हाईवे की लंबाई व संख्या समेत अन्य जानकारी मांगी गई है। किसी हाईवे का चाैड़ीकरण हाेना है ताे उसकी भी जानकारी देनी है।

अभी हर विभाग अपने-अपने ढंग से काम करा रहे हैं। इसी कारण दाे-चार साल में नाला ताेड़ने की जरूरत पड़ रही है। यह पैसे की बर्बादी है। मास्टर प्लान में यह आंकलन हाेगा कि 19 साल बाद सड़क पर ट्रैफिक लाेड क्या हाेगा। पीने के पानी की जरूरत कितनी हाेगी। इस तरह से स्मार्ट काम हाेगा। – ईं. ब्रजेश्वर ठाकुर, टाउन प्लानर व आर्किटेक्ट।

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