जक्कनपुर थाना के तहत न्यू बिग्रहपुर के एक मकान में अवैध तरीके से हथियारों के बनाए जाने का भांडा फोड़ हुआ था। STF और पटना पुलिस के ज्वाइंट ऑपरेशन में यह मिनी गन फैक्ट्री की बात सामने आई थी। कुल 4 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। अब इस मामले में यह बात सामने आई है कि पटना के अंदर यह मिनी गन फैक्ट्री पिछले 5 महीने से चल रही थी।
बजरंगी शर्मा और इसका बेटा आदित्य शर्मा व मुंगेर के कासिम बाजार थाना के तहत मक्ससपुर का रहने वाला कारीगर विक्रम शर्मा धड़ल्ले से इसे चला रहे थे। पटना पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि इनके राज को छीपाने के लिए मकान मालिक का बेटा डेविड एक्स्ट्रा रुपए लिया करता था। हथियार बनाने के लिए ये लोग रॉ मेटिरियल तो पटना और मुंगेर से जुटा लेते थे। इनका सारा काम एक तैयार किए गए प्लान के तहत चल रहा था। पिस्टल तैयार करने के लिए जिस बेस मशीन की जरूरत होती है, उसे कोलकाता से मंगवाया गया था। पटना के एसएसपी मानवजीत सिंह ढिल्लों ने इसकी पुष्टि की है।
इसी आधार पर अब पटना पुलिस बेस मशीन की सप्लाई करने वाले सप्लायर की तलाश कर रही है। उसके बारे में पता लगाने में जुटी है।अब तक तैयार किए कई खेपपिछले 5 महीने के दरम्यान अवैध हथियारों के कई खेप तैयार किए गए। पटना में तैयार किए गए हथियारों को फाइनल टच मुंगेर में ही दिया जाता रहा है। इसके बाद उसकी सप्लाई की गई। एसएसपी के अनुसार इस तरह से अवैध हथियारों की कई खेप तैयार कर बेचे जा चुके हैं। इन लोगों ने बनाए गए अवैध हथियारों के खेप को कब और कहां सप्लाई की? इसका पता लगाया जा रहा है। इनके कांटैक्ट्स को खंगाला जा रहा है। इनके मुंगेर कनेक्शन की भी पड़ताल चल रही है।रिमांड पर लेकर होगी पूछताछइस मामले में अभी कई और सवाल हैं।
इसका जवाब पटना पुलिस जानन चाहती है। इसलिए एसएसपी ने स्पष्ट कर दिया है कि जल्द ही बजरंगी और विक्रम शर्मा को रिमांड पर लिया जाएगा। जिसके बाद पुलिस टीम इनसे लंबी पूछताछ करेगी। जिसके बाद कई नई बातों के सामने आने की संभावना है। डेविड के मकान में बजरंगी ने 8 हजार रुपए में किराए पर 2BHK का एक फ्लैट लिया था। इसके बाद कपड़ा का कारोबार करने के नाम उसका गैराज किराए पर ले लिया। वो भी 15 हजार रुपए में। जब गैराज के अंदर हथियार बनने शुरू हुए तो डेविड को इसकी जानकारी हो गई। अपना मुंह बंद रखने के लिए उसने बजरंगी से और अधिक रुपए लेना शुरू कर दिया था।



Comment here