MUZAFFARPUR

ककोलत जलप्रपात में उमड़ी भीड़, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए इन दिनों ककोलत जलप्रपात में पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ रही है। बुधवार से शुक्रवार तक यहां हजारों की संख्या में लोग पहुंचे, जिससे हालात बेकाबू हो गए। सुरक्षा व्यवस्था भीड़ के अनुपात में अपर्याप्त साबित हो रही है।

स्थिति नियंत्रण से बाहर होते देख वनकर्मियों को सख्ती बरतनी पड़ी। इस दौरान पर्यटकों पर लाठीचार्ज का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

वन प्रमंडल पदाधिकारी श्रेष्ठ कुमार कृष्णा ने बताया कि बीते कुछ दिनों से पर्यटकों की संख्या में अचानक तेजी आई है। इसे देखते हुए अतिरिक्त वनकर्मियों की तैनाती की गई है। फिलहाल ककोलत जलप्रपात क्षेत्र में 17 वनकर्मी और 30 कैटल गार्ड कार्यरत हैं।

वाहनों की भीड़, पार्किंग की व्यवस्था

प्रशासन ने भीड़ प्रबंधन के लिए चार स्थानों पर वाहन पार्किंग की व्यवस्था की है। प्रतिदिन लगभग 800 कार और 1500 मोटरसाइकिलें ककोलत वन क्षेत्र में पहुंच रही हैं। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की गई है।

पहला बैरिकेड ककोलत गेट के बाहर, दूसरा गेट के पास, तीसरा बुजुर्गों और बच्चों के कुंड से पहले तथा चौथा कुंड की सीढ़ियों के पास लगाया गया है। कुंड क्षेत्र में भीड़ नियंत्रण के लिए सायरन की व्यवस्था भी की गई है। जैसे ही सायरन बजता है, पर्यटकों से कुंड खाली करने की अपील की जाती है ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो।

वायरल वीडियो पर मचा बवाल, कार्रवाई की चेतावनी

इस बीच, सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसमें एक वनकर्मी भीड़ पर लाठी चलाता नजर आ रहा है।

बताया जा रहा है कि यह घटना कुंड क्षेत्र की है, जहां भीड़ को नियंत्रित करने के दौरान यह कार्रवाई की गई। वीडियो वायरल होने के बाद वन विभाग हरकत में आया है।

वन प्रमंडल पदाधिकारी श्रेष्ठ कुमार कृष्णा ने संबंधित वनकर्मी से स्पष्टीकरण मांगा है। उन्होंने कहा कि अगर वनकर्मी दोषी पाया गया तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई महिलाओं के क्षेत्र में छेड़खानी की शिकायत के बाद भीड़ को तितर-बितर करने के उद्देश्य से की गई थी।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.