Breaking News

कोरोना के खतरे की बीच PMCH में आ’क्रोश की आ’ग

कोरोना की चौथी लहर के खतरे के बीच पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में आक्रोश की आग जल रही है। डॉक्टरों से लेकर नर्सिंग स्टूडेंट्स तक में आक्रोश है। मनमानी का आरोप लगाकर GNM नर्सिंग की दर्जनों स्टूडेंट्स ने घेराव कर दिया। पढ़ाई पूरी करने के बाद वैशाली भेजे जाने से आक्रोशित GNM के हंगामा से घंटो काम प्रभावित हुआ। कार्यालय में कोई काम नहीं होने दिया गया, काफी समझाने बुझाने के बाद आक्रोश को शांत कराया जा सका है।

GNM ने लगाया PMCH से भगाने का आरोप

GNM स्टूडेंट्स का आरोप है कि पढ़ाई को लेकर उन्होंने 3 साल का कोर्स किया, लेकिन अब उनको यहां से भगाया जा रहा है। स्टूडेंट्स का कहना है कि अब हम लोग ्PMCH छोड़कर कहां जाएंगे। इस पर मनमानी का आरोप लगाकर स्टूडेंट्स ने सोमवार को अधीक्षक कार्यालय का घेराव कर दिया और घंटों बवाल मचाया। इस दौरान वहां प्रशासनिक अधिकारियों से बहस बाजी भी हुई।

स्टूडेंट्स की बात नहीं सुनने का आरोप

स्टूडेंट्स ने आरोप लगाया है कि उनकी एक नहीं सुनी जा रही है। उनका कहना है कि पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में ICU से लेकर हर फैसिलिटी है। इसके बाद भी उन्हें वैशाली भेजा जा रहा है। इससे छात्राओं को काफी समस्या आ रही है। वह इस मनमानी से काफी नाराज हैं, और मांग कर रही है कि उनका कहना है कि उन्हें पटना मेडिकल कॉलेज में ही रखा जाएगबा। वैशाली जाने में उन्हें काफी समस्या है, क्योंकि सदर अस्पताल का काफी बुरा हाल है। इस स्थिति में वह वहां जाकर क्या सीख पाएंगी। छात्राओं की मांग है कि उन्हें पीएमसीएच में ही रखकर सिखाया जाए। ऐसी स्थिति में लड़कियां की देखभाल कौन करेगा, यह बड़ा सवाल है। स्टूडेंट्स ने कहा कि PMCH प्रशासन को शर्म आनी चाहिए। छात्रों की बात नहीं सुनी जाती है तो ऐसे ही वह आंदोलन को बाध्य होंगी।

नारेबाजी से माहौल हुआ गरम

GNM स्टूडेंट्स की नारेबाजी से माहौल काफी गर्म हो गया। घंटों बवाल मचा रहा। इस दौरान काम काज में बाधा आई। प्रिंसिपल से लेकर अधीक्षक तक के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कहा छात्राओं ने कहा कि अब मनमानी नहीं चलेगी। कोरोना की चौथी लहर को लेकर डर है और इस बीच प्रशासन मनमानी कर रहा है। प्रशासन को सोचना चाहिए और छात्राओं हित में फैसला लेना चाहिए। GNM की छात्राओं ने पीएमसीएच के अधीक्षक से मांग किया है कि उनकी बातों को सुना और उस पर अमल किया जाए।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.