नए साल पर जश्न की तैयारियां शुरू हो गई है। नेपाल में शराब की दुकानें सजने लगी है। नेपाल पर्यटन से जुड़े लोग सबसे ज्यादा बिहारी पर्यटकों को ही पसंद कर रहे हैं। नव वर्ष के स्वागत व पिकनिक को लेकर पूरे नेपाल के बॉर्डर एरिया में व्यापक तैयारियां हैं। वाल्मिकी नगर से सटे नेपाल के त्रिवेणी में सभी होटलों की बुकिंग लगभग पूरी हो गई है। इन होटलों में ज्यादातर नेपाल और इंडिया से सटे हुए बॉर्डर एरिया के लोगों ने बुकिंग कराई है। पिछले 2 सालों से करोना के वजह से नेपाल का सीमा सील था। लेकिन इस वर्ष नेपाल का सीमा खुला होने के कारण बहुत लोगों ने नेपाल में ही रहने का मूड बनाया है।
नेपाल पर्यटन विभाग की ओर से भारतीय पर्यटकों के लिए विशेष तैयारी की गई है। जिसमें सुविधा के साथ भारी छूट का भी प्रावधान है। पर्यटन बोर्ड का लक्ष्य भारत से नेपाल आने वाले पर्यटकों की संख्या में 25 प्रतिशत की वृद्धि करने का है। नेपाल टूरिज्म के लिए भारत एक बड़ा मार्केट है। सबसे अधिक टूरिस्ट भारत से ही आते हैं।


नेपाल में एक कहावत है कि सूरज अस्त और नेपाल मस्त। जिसके वजह से भी बिहार के लोगों का झुकाव नेपाल के तरफ हो गया है। हालांकि बॉर्डर एरिया से नेपाल में जाने की दूरी 10 से 15 मिनट का है उसके बावजूद भी नव वर्ष को नेपाल जाने वाले लोग नेपाल से बिहार नहीं आएंगे बल्कि नेपाल के स्थित होटलों में ही रात इंजॉय करेंगे।
दो दर्जन दुकानों में लगभग 500 लोगों के रहने का जगह
वाल्मीकि नगर से सटे हुए रानी नगर, त्रिवेणी व बुटवल में लगभग दो दर्जन होटल है जहां पर पांच सौ लोगों की रहने की बुकिंग पूरी हो गई है। जिसमें ज्यादातर बिहार के ही लोग बुकिंग करवाए हैं।
किराने दुकान की तरह नेपाल के बॉर्डर एरिया में लग रहा है शराब का दुकान

कुछ साल पहले तक बिहार से सटे नेपाल का मार्केट धीरे धीरे समाप्त होने लगा था। लेकिन बिहार में शराबबंदी के साथ ही बिहार के बॉर्डर स्थित रानी नगर, त्रिवेणी व बुटवल की बाजार में अचानक रौनक आ गई। लेकिन इस वर्ष बॉर्डर खुलने के वजह से नेपाल की है रोनक ज्यादा ही दिखाई दे रही है।




Leave a Reply