MUZAFFARPUR

खेल प्रतियोगिता ख़त्म होने के बाद महिला खिलाड़ियों के दो गुटों में जमकर मा’रपीट, 6 घा’यल

बिहार : बिहार के पूर्णिया जिले में बिहार खेल प्रतिभा खोज योजना के तहत आयोजित मशाल कार्यक्रम का समापन हिंसक झड़प में बदल गया। बुधवार, 13 अगस्त की रात पूर्णिया जिला स्कूल के पास हुई इस घटना में बनमनखी और केनगर की अंडर-16 महिला फुटबॉल टीमों के बीच बस में हुई मारपीट में छह खिलाड़ी घायल हो गईं हैं। घायलों में बनमनखी की निशा कुमारी, श्वेता कुमारी, पूजा कुमारी और केनगर की सुरुचि कुमारी, गूंजा कुमारी और छोटी कुमारी शामिल हैं। पूजा कुमारी की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें पूर्णिया के राजकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल से हायर सेंटर रेफर किया गया है।

बनमनखी की अंडर-16 टीम ने प्रतियोगिता में जीत हासिल की थी, जबकि केनगर की टीम उपविजेता रही। मैच के बाद सभी खिलाड़ी एक ही बस से वापस लौट रहे थे। बनमनखी की खिलाड़ी श्वेता कुमारी ने बताया कि उनकी टीम जीत का जश्न मनाते हुए सोशल मीडिया के लिए ब्लॉग बना रही थी, जिससे केनगर की टीम नाराज हो गई।

श्वेता का आरोप है कि केनगर की टीम ने उनकी सबसे तेज खिलाड़ी पूजा कुमारी को निशाना बनाकर लात-घूंसे और लाठियों से हमला किया। दूसरी ओर, केनगर की कप्तान सुरुचि कुमारी ने दावा किया कि बनमनखी की टीम ने उनकी टीम को चिढ़ाने और आपत्तिजनक टिप्पणियां करने के बाद पहले हमला किया। इस झड़प में दोनों पक्षों की खिलाड़ियों को गंभीर चोटें आईं।

सूचना मिलते ही जिला खेल पदाधिकारी डेजी रानी, सदर एसडीपीओ और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए और घटनास्थल से सबूत जुटाए हैं। थानाध्यक्ष ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है और जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। घायलों का इलाज GMCH पूर्णिया में चल रहा है, जहां डॉक्टरों की टीम पूजा कुमारी की गंभीर स्थिति पर नजर रखे हुए है।

यह घटना पूर्णिया में खेल आयोजनों की सुरक्षा और प्रबंधन पर गंभीर सवाल उठाती है। सोशल मीडिया के लिए ब्लॉग बनाने जैसे छोटे विवाद का हिंसक रूप लेना खेल भावना के खिलाफ है। स्थानीय लोगों और खेल प्रेमियों ने मांग की है कि भविष्य में ऐसे आयोजनों में कड़ी सुरक्षा और मध्यस्थता सुनिश्चित की जाए। यह भी चर्चा का विषय है कि क्या प्रतियोगिता के बाद खिलाड़ियों को एक ही बस में भेजना उचित था, खासकर जब भावनाएं उफान पर थीं।

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