मुजफ्फरपुर: आज बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर जयंती पर मुजफ्फरपुर में वक्फ बोर्ड कानून के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। जहां प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता ने कहा कि बाबा साहब ने देश को संविधान दिया, जिसमें सबको बराबरी का अधिकार मिला है।



लेकिन केंद्र सरकार वक्फ संपत्तियों को छीनने की साजिश के तहत यह कानून लाई है, जिसका मुस्लिम समुदाय लगातार विरोध करता रहेगा।

इस दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों से जुलूस निकालकर बड़ी संख्या में लोग जिला समाहरणालय पहुंचे थे। जहां उन्होंने बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और वक्फ कानून को लेकर विरोध दर्ज कराया।

प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने आरोप लगाया कि बाबा साहब द्वारा बनाए गए संविधान पर हमला किया जा रहा है, जिसे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि अपनी ताकत दिखानी पड़ी, तो वह भी किया जाएगा, क्योंकि यह देश सभी का है और उनके खुदा की संपत्ति को कोई भी सरकार या उद्योगपति हड़प नहीं सकता।

प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता ने कहा कि बाबा साहब ने देश को संविधान दिया, जिसमें सबको बराबरी का अधिकार मिला है। लेकिन केंद्र सरकार वक्फ संपत्तियों को छीनने की साजिश के तहत यह कानून लाई है, जिसका मुस्लिम समुदाय लगातार विरोध करता रहेगा।

उन्होंने कहा कि आंबेडकर जयंती का दिन हमने इसलिए चुना ताकि संविधान निर्माता को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ संविधान की रक्षा की भी शपथ ली जा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार देश की धार्मिक संपत्तियों को उद्योगपतियों को सौंपने की तैयारी कर रही है, जिसे किसी भी हाल में सफल नहीं होने दिया जाएगा।





