पटना समेत बिहार के कई शहरों में वायु प्रदूषण से राहत नहीं मिल रही है। रविवार को छपरा देश में टॉप, जबकि बेगूसराय दूसरे स्थान पर रहा। छपरा का एक्यूआई लेवल 428 और बेगूसराय का 423 रिकॉर्ड किया गया है। ग्रेटर नोएडा तीसरे स्थान पर है, जहां का एक्यूआई लेवल 403 है।
बता दें कि पटना सहित राज्य के 12 शहर रेड जोन में शामिल हैं। इन जिलों का एक्यूआई लेवल 300 से 400 के बीच रिकॉर्ड किया गया है। पटना का एक्यूआई लेवल 367 है।
पटना में राजाबाजार की स्थिति लगातार सबसे खराब रह रही है। रविवार को यहां का एक्यूआई लेवल 424 रिकॉर्ड किया गया है। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड का मानक कहता है कि जहां का एक्यूआई लेवल 400 से अधिक है वहां की हवा लोगों के लिए गंभीर है। गांधी मैदान इलाके का एक्यूआई लेवल 372 रहा।

पटना सहित बिहार के अन्य जिलों में हवा काफी प्रदूषित है।
जहरीली हवा ले रहे हैं लोग
बता दें कि आमतौर पर लोगों को सांसों के द्वारा शुद्ध हवा तब तक मिलती है जब तक एयर क्वालिटी इंडेक्स 100 से कम होता है। लेकिन राजधानी पटना सहित बिहार के अन्य जिलों में हवा काफी प्रदूषित है। जहां लोग सांस के रूप में जहरीली हवा ले रहे हैं। डॉक्टरों का भी मानना है कि यह हवा लोगों के लिए ठीक नहीं।
वहीं सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड का मानक कहता है कि जिन इलाकों में AQI लेवल 301 से अधिक हो जाता है, वहां की हवा बहुत ही अत्यधिक खराब हो जाती है। वायु प्रदूषण विशेषज्ञों की मानें तो पटना में नगर परिषद और नगर निगम क्षेत्रों में एक ही हवा का लेवल बहुत खराब स्थिति में है।



Leave a Reply