मुजफ्फरपुर. जिले के मनियारी थाना क्षेत्र स्थित गिद्धा विशुनपुर में शनिवार को प्लास्टिक बनाने वाली फैक्ट्री का बॉयलर ब्ला’स्ट कर गया। धमाका इतना जोरदार था कि तीन किलोमीटर तक इसकी आवाज सुनाई पड़ी। बॉयलर फ’टने के बाद शारदा देवी के घर की छत का बाउंड्री तोड़ते हुए जा गिरा। उस समय वे छत पर थी। धमाका की आवाज पर संयोगवश उन्होंने सिर नीचे कर लिया, जिससे बॉयलर उनके सिर के ऊपर से होते छत पर गिरा। घटना के बाद अफरातफरी मच गई। आसपास के अन्य दो मकान भी क्षतिग्रस्त हो गए। फैक्ट्री की दीवारें गिर गई। भगदड़ मच गई। काफी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई।
भाग निकले थे मजदूर और मालिक
फैक्ट्री के सामने शारदा देवी और टुनटुन राय का घर है। टुनटुन के घर की दीवारों और छत में दरारें आ गई हैं। उन्होंने बताया कि उक्त फैक्ट्री घनश्याम शर्मा चलवाता था। इस फैक्ट्री में प्लास्टिक का बड़ा वाला डिब्बा बनाया जाता है। धमाका होने से पूर्व ही फैक्ट्री संचालक और मजदूरों को इसका पता लग गया। क्योंकि फैक्ट्री में गैस भरने लगा था। इसके बाद सभी मजदूर वहां से भागने लगे। संचालक भी उसी दौरान वहां से निकल गया। जब तक उनलोगों को कुछ समझ में आता। अचानक से तेज धमाका हुआ और चारों तरफ धुंआ फैल गया।

छह माह से चल रहा था फैक्ट्री
स्थानीय लोगों ने बताया कि फैक्ट्री छह माह से चल रहा था। वहीं, कुछ लोगों का कहना है कि एक साल से अधिक से चल रहा था। जब ये फैक्ट्री बन रही थी, उसी समय स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया था। लेकिन, वह नहीं माना। उल्टे लोगों को धमकाने लगा कि रंगदारी मांगने का केस करवा देगा। इससे आसपास के लोगों ने चुप्पी साध ली। इसके बाद फैक्ट्री चालू हो गया।
10-12 मजदूर करते हैं काम
दीपू ने बताया कि इस फैक्ट्री में 10-12 मजदूर काम करते थे। जो प्रतिदिन सुबह 9 बजे आते थे। फिर शाम को 5 बजे चले जाते थे। घटना के बाद से किसी मजदूर का पता नहीं लग रहा है। सभी पहले ही भाग गए थे। उक्त मजदूर आसपास के गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं। स्थानीय लोग मजदूरों को खोज रहे हैं। हालांकि किसी का सुराग अभी नहीं मिल रहा है। वे लोग घर गए या कहीं और भाग गए। इसकी खोजबीन जारी है।
पुलिस ने पहुंचकर दर्ज किया बयान
घटना की सूचना पर मनियारी थानेदार अजय पासवान दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों से घटना के संबंध में पूछताछ की। इसके बाद पुलिस वहां से लौट गई। इससे लोगों में आक्रोश व्याप्त है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस बिना किसी कार्रवाई के यहां से लौट गई। उन लोगों का जो क्षति हुआ है, उसकी भरपाई कौन करेगा?
बोर्ड पर किसी और नाम
फैक्ट्री की दीवार पर एक बोर्ड लगा है। जिस पर प्रोपराइटर के सामने नंद लाल सिंह का नाम लिखा हुआ है। फैक्ट्री का नाम NLS Polymer लिखा है। इस पर 3 मोबाइल नम्बर भी है। लेकिन, तीनों बंद है। स्थानीय लोगों ने बताया कि नंद लाल सिंह को वे लोग नहीं जानते हैं। वह कभी फैक्ट्री पर आता भी नहीं था। घनश्याम शर्मा ही फैक्ट्री चलवाता था। हालांकि अभी किसी से सम्पर्क नहीं हो पा रहा है।
Input : Dainik Bhaskar



Leave a Reply