बालू माफियाओं का साथ देने वाले बिहार पुलिस के अफसर और डीएसपी संजय कुमार के खिलाफ आर्थिक अपराध शाखा (EOU) की आज की जांच पूरी हो गई है। EOU की पड़ताल में रोहतास जिले के डेहरी में SDPO रह चुके संजय कुमार करोड़पति निकले हैं। 17 साल की बिहार पुलिस की नौकरी में इन्होंने अकूत संपत्ति बना ली है।
इस मामले में होश उड़ा देने वाली बात यह सामने आई है कि संजय कुमार की पत्नी पूरी तरह से हाउस वाइफ हैं। इसके बाद भी उनके नाम पर करीब 1 करोड़ की संपत्ति मिली है। वो पटना और बक्सर में खरीदी गई संपत्तियों की मालकिन हैं।
EOU की जांच में पता चला है कि पटना के आशियाना नगर के सूर्य विहार कॉलोनी-1 में संजय कुमार ने अपनी पत्नी के नाम से 6.52 डिसमिल जमीन पर एक तल्ला बना हुआ घर 28 लाख रुपए में खरीदा गया था। इस घर को खरीदने के बाद 55 लाख रुपया खर्च कर संजय कुमार ने दो तल्ला और बनाया। जिसे काफी आलीशान तरीके से बनाया गया है। EOU को आशंका है कि घर बनाने पर डीएसपी ने इससे भी अधिक रुपए खर्च किए होंगे, जिसकी पड़ताल की जा रही है।

घर के अंदर छापेमारी के दौरान गोदरेज को देखती टीम।
इससे पहले 2018 में संजय कुमार ने बक्सर के मुरारपुर थाना के तहत बसंतपुर गांव में पत्नी के नाम से ही 12 लाख रुपए में 7 डिसमिल जमीन खरीदा और उस पर लाखों रुपए खर्च कर कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स बनवाया। साथ ही बक्सर के ही कोरान सराय में 35 हजार रुपए में खरीदी गई खेती वाली 8 डिसमिल जमीन भी पत्नी के नाम पर मिली। EOU का दावा है कि पत्नी के नाम पर ही कई बैंक अकाउंट्स के डिटेल्स मिले हैं, जिसमें लाखों रुपए जमा होने की बात सामने आई है। हर एक अकाउंट्स को अब खंगाला जाएगा।
आमदनी-खर्च से 51.2% अधिक मिली संपत्ति
15 मार्च 2005 को संजय कुमार ने बतौर डीएसपी बिहार पुलिस को ज्वाइन किया था। औरंगाबाद, भभुआ, सीतामढ़ी, नालंदा, महाराजगंज, राजगीर और डेहरी में वो SDPO रह चुके हैं। सरकारी आमदनी के रूप में यह अब तक यह 1 करोड़ 53 लाख 99 हजार 039 रुपए कमा चुके हैं। EOU के अनुसार अब तक जीवन निर्वाह के लिए आवश्यक धनराशि को इनकी कुल आमदनी से घटाने के बाद भी करीब 1.41 करोड़ की चल-अचल संपत्ति का खुलासा हुआ है। यह इनकी आमदनी से 51.2% अधिक है। ADG नैयर हसनैन खान के अनुसार डीएसपी के सभी ट्रांजेक्शन को उनकी टीम खंगालने में जुटी है। आगे चलकर इस मामले में कई और नए तथ्य सामने आने की संभावना है।
अवैध खनन लगातार जारी
बिहार में बालू का अवैध खनन लगातार जारी है। खासकर गंगा और सोन नदी से जुड़े इलाकों में बालू माफिया पूरी तरह से एक्टिव हैं। इन्हें रोक पाने में सरकार की हर कोशिश नाकाम साबित हो रही है। बालू माफिया का साथ देने में संजय कुमार से पहले भी कई प्रशासनिक व पुलिस अफसर के खिलाफ अब तक FIR दर्ज कर छापेमारी की कार्रवाई हो चुकी है।
बता दें कि माफियाओं का साथ देने वाले बिहार पुलिस के इस अफसर पर आर्थिक अपराध शाखा (EOU) की टीम ने मंगलवार की सुबह अपना शिकंजा कसा था। पुलिस अफसर के दो ठिकानों पर छापेमारी की गई थी। जिसमें पटना के राजीव नगर थाना के तहत आशियाना नगर के सूर्य विहार कॉलोनी-1 में इनका घर और बक्सर जिले में मुरारपुर थाना के तहत बसंतपुर चौगाई गांव में इनका पुश्तैनी घर शामिल है। सोमवार 7 फरवरी को संजय कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का FIR नम्बर 4/2022 दर्ज किया गया था।



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