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लालू परिवार: कमरे का ताला तो’ड़ मायके भेजे बहू ऐश्‍वर्या के सामान, चंद्रिका राय ने लेने से किया इनकार..

लालू प्रसाद यादव (Lalu Prasad Yadav) के परिवार में फिर नया फैमिली ड्रा’मा (Family Drama) हुआ है। उनके बड़े बेटे तेज प्रताप यादव (Tej Pratap Yadav) के पत्‍नी ऐश्‍वर्या राय (Aishwarya Rai) से तला’क (Divorce) के मा’मले में नया मो’ड़ आया है। तेज प्रताप यादव की मां राबड़ी देवी (Rabri Devi) ने बहू ऐश्‍वर्या राय के समान अपने आवास से निकालकर उनके मायके भिजवा दिए हैं, लेकिन उन्‍हें लेने से पिता चंद्रिका राय (Chandrika Rai) ने इनकार कर दिया है।उधर, लालू परिवार ने कहा है कि सामान ऐश्‍वर्या की मां पूर्णिमा राय (Purnima rai) व हेल्‍पलाइन (Helpline) के अनुराेध पर भेजे गए हैं। तेज प्रताप यादव ने इस संबंध में हेल्‍पलाइन का पत्र भी दिखाया।

लेकिन चंद्रिका राय ने इसे लालू परिवार का जंगल राज (Jungle Raj) क’रार देते हुए कहा है कि बिना सूचना दिए कमरे का ताला तो’ड़ ज’बरन इस तरह सामान भेजना बर्दा’श्‍त से बाहर की गलत ह’रकत है। चंद्रिका राय ने तेज प्रताप द्वारा दिखाए जा रहे पत्र पर भी कहा कि उसमें सामान भेजे जाने की बात नहीं लिखी है।मिली जानकारी के अनुसार राबड़ी देवी ने अपनी बहू ऐश्‍वर्या राय के सामान अपने आवास से निकालकर उनके पिता चंद्रिका राय के आवास पर भेज दिया है। चंद्रिका राय ने इसे लेने से इ’नकार कर दिया है। चंद्रिका राय ने सामान को जब्‍त करने के लिए पुलिस बुला लिया है। उन्‍होंने कहा है कि वे इस घ’टना को लेकर एफआइआर द’र्ज करने जा रहे हैं। इस बीच ऐश्‍वर्श्‍या के समान कड़ी स’र्दी में चंद्रिका राय के घर के बाहर गाडि़यों में पड़े हैं।चंद्रिका राय के अनुसार बगैर सूचना कमरे का ताला तो’ड़ इस तरह जब’रन सामान भेजना गलत है।

देर रात सामान को सुरक्षाकर्मियों यह कहते हुए भेज दिया कि किसी तरह जबर’न सामान देकर ही आना। आखिर उन्‍होंने समझ क्‍या लिया है? उन्‍होंने सवाल किया कि यह जंगल राज है क्‍या? सामान भेजना ही था तो पहले सूचना देनी थी, दं’डाधिकारी की मौजूदगी में समान की सूची बनती और कानूनी तरीके से भेजी जाती तो और बात थी।चंद्रिका राय ने कहा कि वे नहीं जानते कि गाडि़यों में क्‍या-क्‍या हैं, लेकिन ऐश्‍वर्या के कमरे का ताला क्‍यों तो’ड़ा? उन लोगों ने कीमती समान रख लिए हों तो आश्‍चर्य नहीं। हो सकता है कि गाडि़यों में वि’स्‍फोटक या शरा’ब हों, जिनके माध्‍यम से फं’साने की साजि”श हो। चंद्रिका राय ने बहुमूल्‍य सामानों की चो’री करने का भी आ’रोप लगाया है। उन्‍होंने इसे प्र’ताड़ना के मुक’दमे को बा’धित करने का प्रयास भी कहा है।

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