प्रशासनिक लापरवाही से बैरगनिया में बढ़ा कोरोना संक्रमण का ख’तरा
बैरगनिया: इंडो-नेपाल बॉर्डर पर स्थित बैरगनिया प्रखण्ड क्षेत्र में प्रशासनिक ला’परवाही के कारण कोरोना संक्रमण फैलने का ख’तरा बढ़ गया है. भारत-नेपाल सीमा सील होने के बाबजूद नेपाल से 33 प्रवासी मजदूरो को इलाके में घुसपैठ करना, सिवान से लौटे मजदूरो को क्वारेंटिन सेंटर में न भेजकर उसे होम क्वारेंटिन किया जाना व क्वारेंटिन सेंटर से दीवार फांदकर भागे संदिग्ध प्रवासी को फिर से क्वारेंटिन नहीं किया जाना इसका कारण बन सकता है. 27 अप्रैल को बॉर्डर सील रहने के बाबजूद पताही ढांगर टोला के सुरेश मांझी, नवल मांझी, रतन मांझी, अवतार मांझी,शत्रुघ्न मांझी, बीरेंद्र मांझी समेत 33 प्रवासी मजदूर नेपाल से चोरी छिपे भारतीय सीमा क्षेत्र में प्रवेश कर गए थे. बाद में पता चलने पर प्रखंड क्वारेंटिन प्रभारी सह सीओ अमित कुमार ने सबो को क्वारेंटिन सेंटर में न भेजकर अ’वैध रूप से गांव के सामुदायिक केंद्र में रखवा दिए जहां क्वारेंटिन करने की कोई व्यवस्था नही है और वह न तो अधिकृत क्वारेंटिन सेंटर ही है. जबकि उक्त पंचायत में पताही मध्य विद्यालय क्वारेंटिन सेंटर है. नियमानुसार अवैध रूप नेपाल से भारतीय सीमा क्षेत्र में घुसपैठ करने वालो के खि’लाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज कर उसकी स्क्रीनिंग कराकर क्वारेंटिन किया जाना है. परन्तु यहां ऐसा नहीं किया गया है.

आलम यह है कि सामुदायिक भवन में रहने वाले सभी संदिग्ध इधर उधर घूम रहे है और घर से खाना मंगवाकर खा रहे है. वही पचटकी राम व पचटकी यदु गांव में करीब एक दर्जन लोग सीवान से पैदल घर लौटे है इन लोगो का थर्मल स्क्रीनिंग कराने के बाद क्वारेंटिन सेंटर न भेज कर होम क्वारेंटिन किया गया है. जो होम क्वारेंटिन का पालन नहीं कर रहे है. जबकि सीमावर्ती इलाके में प्रवासी संदिग्ध को होम क्वारेंटिन नही करना है. इधर नगर के बनवारी मध्य विद्यालय स्थित क्वारेंटिन सेंटर में क्वारेंटिन किये गए पचटकी राम गांव निवासी मदन महतो के पुत्र कृष्णा महतो जो चंडीगढ़ से लौटा था वह दीवार फांदकर घर चला गया है. जिसकी कोई खोज खबर क्वारेंटिन प्रभारी द्वारा नही लिया जा रहा है. ये लोग खुलेआम गांव में घूम रहे है. मामले की गम्भीरता से प्रमुख नीलम जायसवाल ने डीएम को अवगत करा चुकी है. बताया जा रहा है कि डीएम ने सीओ को इधर उधर घूम रहे प्रवासी मजदूरो को क्वारेंटिन किये जाने का निर्देश भी दिया था. परन्तु यहां डीएम के निर्देशों का पालन नही हो पा रहा है. इस बाबत पूछे जाने पर सीओ अमित कुमार ने बताया कि नेपाल से घुसपैठ करने वालो को देखने की जबाबदेही एसएसबी की है अगर कोई चोरी से आ भी जाता है तो उसके विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज होगी. क्वारेंटिन सेंटर से भागने वाले प्रवासी के बारे में कहा कि उसका सेंटर के सूची में नाम अंकित नहीं है.

फोटो- सामुदायिक केंद्र में मौजूद प्रवासी व कमरे में लगा विछावन



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