मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में बीते दिनों बुजुर्ग जगन्नाथ मैथिल (Jagannath Maithil) की मौ’त हो गई थी. उनकी अंत्येष्टि में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए थे. तीन दिन बाद जब मृ’तक बुजुर्ग की जांच रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव (Corona positive) आई तो अंत्येष्टि में शामिल लोगों के बीच हड़’कंप मच गया. साथ ही बुजुर्ग का इ’लाज करने वाले हमीदिया अस्पताल के डॉक्टरों और स्टाफ के बीच भी स’नसनी फैल गई है, क्योंकि 3 दिन पहले जब बुजुर्ग की मौ’त हुई थी, तब उस समय न ही परिवार को और न ही हमीदिया अस्पताल के डॉक्टरों को यह पता था कि उन्हें कोरोना वायरस का संक्रमण है.

भोपाल में कोरोना वायरस का संक्रमण तेजी से फैलता जा रहा है. भोपाल में कोरोना से यह दूसरी मौ’त हो गई है. शनिवार देर रात भोपाल के जहांगीराबाद निवासी मृ’तक बुजुर्ग जगन्नाथ की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई. उनकी मौ’त 3 दिन पहले भोपाल के हमीदिया अस्पताल में इ’लाज के दौरान हुई थी. राजधानी में अब कोरोना से मौ’त का आंकड़ा 2 तक पहुंच गया है. 6 अप्रैल को भोपाल में कोरोना से पहली मौत हुई थी. कोरोना वायरस से संक्रमित इब्राहिमगंज निवासी नरेश खटीक ने भोपाल के नर्मदा अस्पताल में कोरोना से द’म तोड़ा था.
जगन्नाथ मैथिल की 9 अप्रैल को मौ’त हुई है. उनकी अंत्येष्टि में बरखेड़ी जहांगीराबाद के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए थे. उस समय सभी लोग सोच रहे थे कि दादा बुजुर्ग थे. इस कारण उनकी मौत हो गई. उनकी अंत्येष्टि में जहांगीराबाद स्थित उनके घर से लेकर सुभाषनगर विश्राम घाट तक सैकड़ों लोग पहुंचे थे. साथ ही जिस समय उनका इलाज हमीदिया अस्पताल में चल रहा था, उस समय डॉक्टर और दूसरे स्टाफ को भी उनके कोरोना पॉजिटिव होने की जानकारी नहीं थी. डॉक्टर सामान्य इलाज कर रहे थे. ऐसे में अब 3 दिन के बाद पॉजिटिव रिपोर्ट आई है तो लोगों के साथ अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ में हड़’कंप का माहौल है.



Input: News 18


