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कार्यालय में घुस कर लोगों ने किया बवाल:यूरिया की जरूरत इतनी कि साहेबगंज इफकों गोदाम से मात्र 3 घंटे में 137 बोरा बिकी, पहले लेने को भिड़े लोग

यूरिया की कालाबाजारी से लगातार किल्लत जारी है, लेकिन किसानाें के बीच इसकी डिमांड इस तरह है कि साहेबगंज इफकाे गाेदाम में बुधवार काे आई 137 बाेरा यूरिया मात्र तीन घंटे में ही बिक गई। इस दाैरान पहले लेने के लिए कार्यालय में घुस कर जमकर बवाल हुआ। इससे आजिज आकर सेल्स मैनेजर ने 30 मिनट तक शटर गिराकर वितरण कार्य बंद रखा। सेल्स मैनेजर नवीन कुमार ने बताया कि यूरिया खत्म हाे गई और यूरिया का नया आवंटन भी नहीं है।

उधर, सत्या साहेब विशंभरापुर में 100 बोरा, आदित्य ट्रेडर्स ईशा छपरा में 100 बोरा, सोनम कृषि मोरहर में 100 बोरा का वितरण हुआ, लेकिन कतार में खड़े आधे किसानाें काे बिना यूरिया के ही लाैटना पड़ा। इससे इनमें काफी आक्राेश था। उधर, आवंटन के बावजूद कुशवाहा खाद ब्लॉक गेट में 100 बोरा, प्रिंस कृषि रजवाड़ा में 100 बोरा, जय मां अम्बे खाद साहेबगंज में 100 बोरा यूरिया बुधवार की शाम तक भी नहीं पहुंची, जबकि सैनिक खाद बीज हुस्सेपुर में 200 बोरा यूरिया पहुंच गई है।

किसानों का कहना था कि गैर लाइसेंसी दुकानदार के पास ऊंचे दाम पर यूरिया मिल रही है। इसकी जांच कोई भी कृषि अधिकारी नहीं कर रहे। कृषि समन्वयक सह उर्वरक निरीक्षक को इसकी प्रतिदिन जांच करनी है। उन्हें पंचायत भी आवंटित है, लेकिन उनकी उदासीनता के कारण यूरिया के लिए जरूरतमंद किसान मारे-मारे फिर रहे हैं। कालाबाजारी में यूरिया 600 से 700 रुपए प्रति बोरा बेचने वाले लोग महिलाओं को मोहरा बनाकर यूरिया रेट में मंगवाते हैं और कालाबाजारी से बेचते हैं।

अधिकतर खाद विक्रेता अपने पास यूरिया खत्म हाे जाने का कर रहे हैं बहाना, किसान परेशान
कुढ़नी प्रखंड में एक बैग यूरिया के साथ एक बोतल नैनौ खाद देने के लिए दबाव देने से किसानों में काफी आक्रोश है। किसान मो. अजमत अली ने बताया कि 266 रुपए की यूरिया नैनो के साथ 540 रुपए में लेना पर रहा है। कुल मिलाकर किसानों का शोषण हो रहा है। गायघाट में यूरिया की किल्लत के बीच किसान 600 से 700 रुपए यूरिया खरीदने को मजबूर है। इफको बाजार पर यूरिया खत्म होने के कारण खाद दुकानदार पहले यूरिया खत्म होने की बात कहते हैं, फिर ऊंची कीमत पर यूरिया उपलब्ध कराते हैं। वहीं अधिकांश खाद दुकानदार अपने पास यूरिया खत्म होने की बात कहते हैं। औराई क्षेत्र में अधिकतर दुकानों से यूरिया खाद गायब है। पैक्स से संबंधित दुकानदारों का कहना है कि इस महीने के अंत तक इफको यूरिया की रैक आएगी, उसके बाद यूरिया की किल्लत दूर हो जाएगी।

भाकपा का धरना, मुशहरी के किसानों की चेतावनी
यूरिया की कालाबाजारी, अतिक्रमण हटाओं अभियान में भूमिहीन परिवारों के घर बुलडोजर चलाए जाने के खिलाफ भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के आह्वान पर बुधवार काे कलेक्ट्रेट पर धरना दिया गया। उधर, अखिल भारतीय किसान मजदूर सभा प्रखंड कमेटी मुशहरी के तत्वावधान में प्रखंड सचिव मो. इस्माईल के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने डीएओ को ज्ञापन सौंपा। कहा- कालाबाजारी नहीं रुकी और किसानों को खाद न मिली तो अब आंदोलन होगा।

दुकान-दर-दुकान चक्कर लगा रहे हैं किसान, बर्बाद हो रही है फसल
पांच किलोमीटर दूर से एक साइकिल के एक बोरी यूरिया लेकर अपने घर की ओर जा रहे बाेचहां के बलिया इंद्रजीत गांव के बिकाऊ राय के पुत्र सूरत कुमार ने बताया कि मझौली चौक के समीप एक खाद की दुकान से एक बोरी यूरिया खाद लिया। इसके एवज में कीमत 580 रुपए देना पड़ा है। किसान लक्ष्मी पंडित, संजय राय, मनोज पंडित, सूरज कुमार चौधरी, गणपत राय, सुजीत कुमार सहित अन्य ने बताया कि बाजारों में किसानों को यूरिया खाद 400-500 रुपए प्रति बोरी खरीदनी पड़ती है, वह भी बड़ी मुश्किल से मिलता है। बीएओ प्रभात कुमार ने बताया कि यूरिया की कमी है, लेकिन बोचहां में स्थिति सामान्य है।

कोरोमंडल की 1596 एमटी यूरिया जिले काे मिली किसानों को अभी और 1746 एमटी की है जरूरत मुजफ्फरपुर | कोरोमंडल कंपनी की 1596 एमटी यूरिया नारायणपुर अनंत रैक प्वाइंट से मंगलवार काे जिले काे मिली। इसका अलाटमेंट प्रखंडवार करने के बाद भी जिले काे अभी 1746 एमटी यूरिया की जरूरत है। बुधवार काे प्रखंडों काे कोरोमंडल की यूरिया मिलने के बाद भी कुछ ही दुकानों में यूरिया है। रबी फसल की सिंचाई के समय जिले में यूरिया की भीषण किल्लत जारी है। जिले में अबतक 37474 एमटी के बदले 22407 एमटी यूरिया उपलब्ध हुआ है।

अब भी जिले में 1746 एमटी यूरिया की आवश्यकता है। हालांकि, जिले में वर्तमान समय दुकानों पर 1746 एमटी यूरिया के साथ ही 1860 एमटी डीएपी, 3278 एमटी एनपीके, 1071 एमटी एमओपी तथा 1429 एमटी एसएसपी मौजूद है। लेकिन, वर्तमान समय में यूरिया के अलावा केवल डीएपी की आवश्यकता किसानों काे है। इसकाे देखते हुए बांकी किस्म के खाद का उपयोग वर्तमान समय किसान नहीं कर रहे हैं। जिला कृषि अधिकारी शिलाजीत सिंह ने जल्द ही आईपीएम कंपनी की एक रैक यूरिया मिलने की जानकारी दी है।

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