पटना: बिहार में मॉनसून ने पूरी तरह से अपनी ताकत दिखानी शुरू कर दी है. गुरुवार से शुरू हुई मूसलाधार बारिश ने कई जिलों में जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है. पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सिवान, सीतामढ़ी और पटना जैसे जिलों में भारी बारिश ने तबाही मचाई है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले चार से पांच दिनों तक बारिश का यह कहर जारी रहेगा.

रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी
आईएमडी ने शुक्रवार, 3 अक्टूबर को पश्चिम चंपारण, कैमूर और गया के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जहां काफी भारी बारिश की आशंका है. इसके अलावा, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सिवान, रोहतास, औरंगाबाद और नवादा में अति भारी बारिश के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. सीतामढ़ी, शिवहर, सारण, बक्सर, भोजपुर, जहानाबाद, शेखपुरा, जमुई और बांका में भी भारी बारिश की चेतावनी है. पटना सहित बाकी जिलों में मूसलाधार बारिश होगी.

7 अक्टूबर तक बारिश का सिलसिला
मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार, 7 अक्टूबर तक बिहार के विभिन्न हिस्सों में मध्यम से भारी बारिश होगी. कुछ स्थानों पर अति भारी और एक-दो स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश की आशंका है. इस दौरान तेज हवाओं और वज्रपात का खतरा भी बना हुआ है, जिससे जानमाल के नुकसान की आशंका बढ़ गई है. मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है.

4 अक्टूबर को रेड अलर्ट
4 अक्टूबर को पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सीतामढ़ी और शिवहर में अत्यंत भारी बारिश की संभावना है, जिसके लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है. सिवान, मुजफ्फरपुर, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज में अति भारी बारिश होगी. वहीं, भोजपुर, बक्सर, रोहतास, पटना, वैशाली और नालंदा में भारी बारिश का अनुमान है.

5 और 6 अक्टूबर का पूर्वानुमान
5 अक्टूबर को पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी, शिवहर, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, भागलपुर, बांका और जमुई में अति भारी बारिश की चेतावनी है. सिवान, सारण, मुजफ्फरपुर, खगड़िया, कटिहार और मुंगेर में भारी बारिश होगी. 6 अक्टूबर को पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी और शिवहर में भारी बारिश का अनुमान है, जबकि 7 अक्टूबर को पश्चिम चंपारण में भारी बारिश की संभावना बनी रहेगी.
तापमान में कमी, सिहरन का अहसास
मौसम विभाग के अनुसार, बारिश के कारण दिन और रात के तापमान में अंतर काफी कम हो गया है. सुबह के समय हल्की सिहरन महसूस की जा रही है. तेज हवाओं के साथ बारिश ने मौसम को और ठंडा कर दिया है, जिससे लोगों को घरों में रहने की सलाह दी जा रही है.
जनजीवन पर असर, सतर्कता जरूरी
भारी बारिश ने सड़कों पर जलजमाव और यातायात व्यवस्था को प्रभावित किया है. कई निचले इलाकों में पानी भर गया है, जिससे लोगों को आवागमन में दिक्कत हो रही है. वज्रपात के खतरे को देखते हुए किसानों और खुले में काम करने वालों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
मौसम विभाग की सलाह
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे बारिश और वज्रपात के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें. अनावश्यक यात्रा से बचें और स्थानीय प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें. बिहारवासियों को इस मॉनसून के कहर से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहना होगा, क्योंकि अगले कुछ दिन मौसम की मार झेलने के लिए तैयार रहने की जरूरत है.


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