MUZAFFARPUR

एनडीए में शामिल होंगे पवन सिंह ! दिल्ली में आज इस दिग्गज नेता से करेंगे मुलाकात, बिहार में हलचल तेज

बिहार : बिहार विधानसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज है। चुनाव की तारिखों की घोषणा होने में अब  कुछ ही समय बचा है। ऐसे में कई नेताओं एक पार्टी को छोड़ दूसरी पार्टी का दामन थाम रहे हैं तो वहीं कई नेताओं की घर वापसी भी हो रही है। इसी बीच बड़ी खबर सामने आ रही है। जानकारी अनुसार एक बार फिर भोजपुरी सिनेमा के पावरस्टर पवन सिंह एनडीए में शामिल हो सकते हैं। पवन सिंह हाल ही में एक शो में हिस्सा लिए थे। हालांकि बीच में ही उन्होंने शो को छोड़ दिया जिसके बाद से ही उनके राजनीति में वापसी के चर्चे हो रहे थे। वहीं आज इसको लेकर बड़ी खबर सामने आ सकती है।

पवन सिंह की एनडीए में वापसी

सूत्रों के मुताबिक, मंगलवार सुबह 10 बजे पवन सिंह दिल्ली में राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) अध्यक्ष और पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा से मुलाकात कर सकते हैं। इस मुलाकात को बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि पवन सिंह ने आरा विधानसभा सीट से एनडीए उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है। पवन सिंह आज उपेंद्र कुशवाहा से मिलेंगे। अब देखना होगा कि दोनों के बीच क्या बात होती है और बात बनती है या नहीं?

देर रात विनोद तावड़े और उपेंद्र कुशवाहा के बीच मुलाकात 

वहीं दूसरी ओर सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार, पवन सिंह को लेकर सोमवार देर रात बिहार बीजेपी प्रभारी विनोद तावड़े और उपेंद्र कुशवाहा के बीच लंबी बैठक हुई। माना जा रहा है कि पवन सिंह की बीजेपी में दोबारा वापसी लगभग तय है। शामिल होने से पहले पार्टी उपेंद्र कुशवाहा और पवन सिंह के बीच की दूरियों को खत्म करना चाहती है।

भोजपुरी बेल्ट में स्टार पावर

दरअसल, पवन सिंह का भोजपुर इलाके में मजबूत जनाधार है। आरा सीट पर उनकी उम्मीदवारी विपक्ष के लिए बड़ी चुनौती हो सकती है। 2024 लोकसभा चुनाव में उन्होंने करकट सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में एनडीए के खिलाफ ताल ठोकी थी और कड़े मुकाबले में CPI(ML) उम्मीदवार से हार गए थे। उस समय भाजपा ने उन्हें पार्टी से बाहर कर दिया था, लेकिन अब उनकी एनडीए में वापसी की चर्चा तेज है।

NDA को मिल सकती है मजबूती

भाजपा हाईकमान पवन सिंह की लोकप्रियता को रणनीतिक तौर पर अहम मान रहा है। माना जा रहा है कि उनकी एंट्री से भोजपुरी बेल्ट और पिछड़ी जातियों के वोट बैंक में एनडीए की पकड़ मजबूत हो सकती है। दूसरी ओर, विपक्ष ने तंज कसते हुए कहा है कि जिन्हें पार्टी ने बाहर किया, अब उन्हें गले लगाया जा रहा है यह गठबंधन की कमजोरी दर्शाता है।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.