बिहार विधानमंडल के बजट सत्र के चौथे दिन की कार्यवाही खत्म हो गई है। गुरुवार को सदन में राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री राम सूरत राय ने कहा है, ‘अवैध कब्जे वाले भवनों को बुलडोज़र से गिरा दिया जाएगा। चाहे उस पर दस मंजिला बिल्डिंग ही क्यों न बनी हो।’
मंत्री माले विधायक अजय कुमार के सवाल का जवाब दे रहे थे। कुमार ने खगड़िया का एक मामला उठाते हुए सरकार से सवाल किया था। आरोप है कि यहां दलित परिवार को मिली जमीन पर अवैध कब्जा कर बहुमंजिला मकान बना लिया गया है। इस पर मंत्री राम सूरत राय पहले तो कार्रवाई करने की बात कहते रहे। आखिर में जब हंगामा बढ़ा तो उन्होंने कह दिया कि अवैध कब्जे वाली इमारतों को बुलडोजर से ढहा देंगे, चाहे वो 10 मंजिला ही क्यों न हो।
CA रिपोर्ट पर कांग्रेस MLC ने सरकार को घेरा
इससे पहले आज विधान परिषद में कांग्रेस के MLC प्रेमचंद्र मिश्रा ने उस समय सरकार की कलई खोलकर रख दी, जब उन्होंने एक सरकारी पत्र सामने रखा। मिश्रा ने सवाल किया था कि क्या यह सही है कि महालेखाकार ने वित्तीय वर्ष 2019-20 की अपनी रिपोर्ट में कहा है कि राज्य सरकार के कई विभाग लगभग 80 हजार करोड़ रुपए का उपयोगिता प्रमाण नहीं दे रहे हैं? उन्होंने यह भी कहा कि उपयोगिता प्रमाण पत्र नहीं देना राशि के गबन और दुरुपयोग की तरफ इशारा करता है और वित्तीय प्रबंधन का संकेत देता है। कहा कि सरकार के शिक्षा विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग जैसे कई विभागों ने पिछले कई वर्षों से खर्च की गई राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं दिया है?

विधानसभा की कार्रवाई शुरू होने से पहले माले का विरोध।
इस बारे में मिश्रा ने बताया कि अभी तक सीएजी को सरकार ने कई विभागों से जुड़ा खर्च का उपयोगिता प्रमाण पत्र नहीं दिया है। यह बहुत बड़ी वित्तीय अनियमितता और गबन को दर्शाता है। जब इससे जुड़ा सवाल सदन में उन्होंने पूछा तो कहा गया कि इस बारे में सवाल नहीं पूछ सकते, क्योंकि लोक लेखा समिति के रिपोर्ट सामने नहीं आई है। दूसरी तरफ उनके पास वित्त विभाग के मुख्य सचिव का पत्र आया है। इसमें बताया गया है कि कई विभागों ने उपयोगिता प्रमाण पत्र नहीं दिया है।
विधान परिषद की कार्रवाई का अपडेट्स
- विधान परिषद में रामचंद्र पूर्वे ने मांग की है कि शून्य काल में उठाए गए सवालों का त्वरित निष्पादन किया जाए। इससे पहले एमएलसी सुनील कुमार सिंह ने शून्यकाल में मध्याह्न भोजन का सवाल उठाया था कि कई जिलों में बच्चों को स्कूलों में मध्याह्न भोजन उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। इसी क्रम में राजद के वरिष्ठ नेता रामचंद्र पूर्वे ने कहा कि जो सवाल उठाए जा रहे हैं, उनका त्वरित निष्पादन होना चाहिए। इसमें 10 दिन का समय लग जाता है। इससे शून्यकाल में सवाल उठाने का कोई मतलब ही नहीं रह जाता है।
- रामचंद्र पूर्वे ने कहा कि अगर मध्याह्न भोजन के सवाल का समाधान 10 दिन के बाद किया जाएगा तो फिर सवाल का कोई मतलब ही नहीं रह जाएगा। यह बच्चों को भोजन देने का सवाल है, इसलिए इस पर त्वरित कार्यवाही होनी चाहिए।
- इससे पहले बिहार विधान परिषद में रामबली सिंह ने अति पिछड़ों की पढ़ाई के लिए प्रत्येक जिले में जननायक कर्पूरी ठाकुर छात्रावास निर्माण की मांग की। उन्होंने कहा कि 2007 में इससे जुड़ा निर्णय राज्य सरकार ने लिया था, लेकिन कई छात्रावास सिर्फ औपचारिक रूप से संचालित क्यों हो रहे हैं? इसके जवाब में मंत्री रेणु देवी ने कहा कि बिहार में 38 जिलों में से 31 में कर्पूरी ठाकुर छात्रावास तैयार हैं। इसमें से 29 का संचालन किया जा रहा है।
- रामबली सिंह ने आरोप लगाया कि 2007 की योजना 2022 में भी पूरी नहीं हो सकी। अरवल में कर्पूरी ठाकुर छात्रावास बना हुआ है, लेकिन उसमें ताला बंद है। सिर्फ बिल्डिंग बन कर रह गई है। इस मामले में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी संवेदनशीलता दिखाई और सदन को बताया कि मैं 4 साल पहले कर्पूरी ठाकुर छात्रावास गया था। वहां बहुत अच्छी स्थिति मैंने देखी है। इसलिए अगर कहीं के बारे में शिकायत है तो उसको देखना चाहिए।
विधानसभा की कार्रवाई के अपडेट्स
- बिहार विधानसभा में संजीव श्याम सिंह ने कहा कि बैंक से किसान क्रेडिट कार्ड का फायदा ज्यादातर किसानों को नहीं मिल रहा है। कहा कि बैंक ने महज 97 हजार 835 नए केसीसी का वितरण किया है, जो लक्ष्य से दूर है। जवाब में मंत्री तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि 11 लाख से ज्यादा केसीसी दिया गया है।
- संजय सरावगी ने विधानसभा में कहा कि दरभंगा में शहर के बीचोबीच बुलडोजर चलाकर घर गिरा दिया गया और जलाकर मार दिया गया। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि सरकार इस पर संज्ञान ले।
- विधानसभा में माले विधायक मनोज मंजिल ने कहा कि हाईकोर्ट के जजमेंट के बावजूद राज्य में लाइब्रेरियन के पद पर सरकार बहाली नहीं कर रही है। जल्द से जल्द बहाल की जाए।
- विधानसभा में अजीत शर्मा ने कहा कि भागलपुर शहर में स्मार्ट सिटी के तहत पीने के पाइप के लिए खोदकर छोड़ दिया गया। जवाब में मंत्री तारकेश्वर प्रसाद ने कहा कि मार्च माह के अंदर ठीक कर दिया जाएगा। बुडको के अधिकारी को पटना से भागलपुर भेजेंगे।
सदन के बाहर ही हुआ विरोध-प्रदर्शन
आज सदन की शुरुआत के पहले ही बाहर में विपक्षी सदस्यों ने एक बार फिर प्रदर्शन किया। माले विधायकों ने ‘रिमांड होम को जेल बनाना बंद करो’, ‘महिला आयोग का गठन करो’, ‘वैशाली में दलित लड़की के साथ बलात्कार-हत्या पर शर्म करो’ के नारे गूंजते रहे। इस बीच राजद की ओर से भी रोजगार के सवाल पर नारेबाजी की गई



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