BIHARBreaking NewsSTATE

#MUZAFFARPUR डीआरआई व कस्टम की कार्रवाई में 2.86 करोड़ का सोना बरामद, प्रेस लिखे वाहन से हो रही थी तस्करी

MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : रविवार की देर रात्रि गुप्त सूचना के आधार पर राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) मुज़फ़्फ़रपुर और कस्टम विभाग की टीम ने संयुक्त कार्रवाई के दौरान तीन तस्करों को करोड़ो रुपए मूल्य के सोने की बिस्किटों के साथ धर दबोचा है। तस्करों के पास से प्रेस लिखी लाल रंग की एक लक्जरी कार भी जप्त की गयी है।

घटना के संबंध में बताया जाता है कि डीआरआई अधिकारियों को सूचना मिली थी कि एक लक्ज़री कार में सवार कुछ तस्कर म्यांमार से तस्करी किये गए सोने की बिस्किटों की खेप गुवाहाटी से मुज़फ़्फ़रपुर के रास्ते बनारस ले कर जा रहे हैं। सूचना के आलोक में टीम गठित कर मैठी टोल प्लाज़ा और शहर से बाहर निकलने वाले सभी हाईवे पर चौकस नज़रें रखनी शुरू कर दी।

कुछ ही घंटो के इंतज़ार के दौरान मैठी टोल प्लाज़ा के समीप प्रेस लिखे असम निबंधित (एएस 01 बी वाई 5034) एक लक्जरी कार को रोक कर तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान कार के इंजन के पास बने गुप्त तहखाने से 35 पीस सोने की बिस्किट बरामद की गई। बरामद सोने की बिस्किटों में कुछ विदेशी मार्क भी अंकित पाया गया है। बरामद सोने की बिस्किटों की कीमत अंतर्राष्ट्रीय बाजार में लगभग 2.86 करोड़ रुपए बताई गई है।

गिरफ़्तार तीनों तस्करों ने डीआरआई के समक्ष पूछताछ में बताया कि सिंडिकेट के इशारे पर यह मोटी कमिशन के लालच में तस्करी का समान गंतव्यों तक पहुँचाते थे, जिसके एवज में इन्हें अच्छी खासी रकम मिलती थी। डीआरआई और कस्टम के हत्थे चढ़े तीनों तस्करों में दो उत्तर प्रदेश के और एक दिल्ली निवासी बताये गये हैं, जो पूर्व में भी सोना-चांदी और अन्य कीमती वस्तुओं की तस्करी में शामिल रहे हैं।


पूछताछ के दौरान डीआरआई के समक्ष उन्होंने सिंडिकेट के कई लोगों के नाम और पते उगले हैं, जिसके आधार पर डीआरआई और कस्टम विभाग जाँच पड़ताल करते हुए अग्रेत्तर कार्रवाई में जुटी है।
खबर प्रेषित किये जाने तक डीआरआई गिरफ्तार तीनों तस्करों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

बता दें कि छह दिन पूर्व सोमवार रात को ही राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) की टीम ने मनियारी थाना के काजी इंडा टोल प्लाजा के पास से कार सवार सर्राफ व उसके चालक को सवा करोड़ रुपये मूल्य के दो सौ किलो से अधिक के चांदी के गहनों के साथ धर दबोचा था। एक हफ्ते के दौरान डीआरआई की यह दूसरी बड़ी सफलता है।

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.