मुजफ्फरपुर में पंचायत चुनाव की तारीख आते ही शराब माफियाओं ने शराब को स्टॉक करना शुरू कर दिया है। दूसरे प्रदेशों से शराब की खेप मंगवाकर अभी से सुरक्षित स्थानों पर ठिकाना लगाया जा रहा है। इसी दिशा में कांटी थाना क्षेत्र के रामपुर साह स्थित प्राइमरी स्कूल के समीप 96 कार्टन शराब को ठिकाना लगाया गया था।
उत्पाद अधीक्षक संजय राय को इसकी गुप्त सूचना मिली। उत्पाद ASI कुमार रविशंकर के नेतृत्व में टीम गठित कर देर रात छापेमारी की गई। टीम को देखते ही शराब धंधेबाज़ मौके से फरार हो गए। तलाशी लेने पर वहां से झारखंड निर्मित 96 कार्टन शराब जब्त की गई। इसकी अनुमानित कीमत 40 लाख रुपये आंकी गयी है।

गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी
दो धंधेबाज़ों की पहचान भी हो गयी है। इनके विरुद्ध अभियोग दर्ज करने की कवायद की जा रही है। बताया जा रहा है कि एक दिन पूर्व ही शराब की खेप मंगवाई गयी थी। जिसे प्राइमरी स्कूल ले समीप ठिकाना लगाया गया था। सूत्रों की माने तो करीब 150 कार्टन शराब उतारी गई थी। इसमे से कुछ कार्टन शराब रात के अंधेरे में विभिन्न इलाकों में पिकअप वैन से सप्लाई की गई थी।

शेष शराब को भी सप्लाई करने धंधेबाज़ पहुंचे थे। तभी टीम ने धावा बोल दिया। उत्पाद विभाग के अधिकारियों की माने तो इसमे कांटी और इसके आसपास के इलाके के ही धंधेबाज़ शामिल है। उसकी पहचान कर की गई है। गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी की जा रही है।
पुलिस को नहीं थी भनक
कांटी इलाके में शराब ठिकाना लगाए जाने की पुलिस को भनक तक नहीं लगी। उत्पाद विभाग की टीम जब पहुंची तब स्थानीय थाना को सूचना मिली। यह पुलिस के खुफिया तंत्र पर भी सवाल उठाता है।

आठ सदस्यीय टीम कर रही कार्रवाई
पंचायत चुनाव नजदीक आते ही उत्पाद अधीक्षक ने आठ सदस्यीय टीम का गठन कर दिया है। जो प्रतिदिन सूचना संकलित करते हुए विभिन्न इलाकों में कार्रवाई करेगी। टीम के साथ फोर्स भी दिया गया है। सभी संवेदनशील स्थलों की सूची बनाई गई है। जहां सबसे अधिक शराब का धंधा होता है। वहां पर निगरानी की जा रही है।




Leave a Reply