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चीन में र’हस्यमयी बीमा’री, भारत में एडवाइजरी जारी, राज्यों से कहा- ऑक्सीजन-दवाएं तैयार रखें

चीन की रहस्यमयी बीमारी पर भारत सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को एडवाइजरी जारी की है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से पब्लिक हेल्थ सिस्टम को अपडेट करने के लिए कहा है। साथ ही किसी बड़ी बीमारी के फैलने को लेकर अस्पतालों में तैयारी करने को कहा है।

एडवाइजरी के मुताबिक अस्पतालों में स्टाफ, बेड, जरूरी दवाएं, ऑक्सीजन, एंटीबायोटिक्स, PPE किट, टेस्टिंग किट की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

स्वास्थ्य मंत्री ने अपने निर्देश में कहा कि अस्पतालों को यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके ऑक्सीजन प्लांट और वेंटिलेटर्स सही काम रहे हों। साथ ही संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए बनाए गए इंफेक्शन कंट्रोल प्रोटोकॉल की समीक्षा करनी चाहिए।

रहस्यमयी बीमारी पर हमारी नजर: हेल्थ मिनिस्ट्री
24 नवंबर को हेल्थ मिनिस्ट्री ने बताया था कि वो चीन में फैल रही रहस्यमयी बीमारी पर नजर रख रही है। हेल्थ मिनिस्ट्री ने कहा था- चीन में बच्चों में H9N2 मामलों और सांस से जुड़ी बीमारी के फैलने की बारीकी से निगरानी की जा रही है।

वहीं, चीनी अधिकारियों का कहना है कि मार्च तक इस बीमारी का खतरा ज्यादा है। इसके अलावा अधिकारियों ने कोविड-19 संक्रमण के फिर से बढ़ने के खतरे को लेकर भी चेतावनी दी है।

चीन के अस्पतालों में बीमार बच्चों की भीड़ लगी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भीड़ ज्यादा होने की वजह से पेरेंट्स को बच्चों के इलाज के लिए 7 घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है।

बीमारी को फैलने से रोकने के लिए चीन के स्कूल बंद
दरअसल, 23 नवंबर को चीनी मीडिया ने स्कूलों में एक रहस्यमय बीमारी फैलने की बात कही थी। पीड़ित बच्चों में फेफड़ों में जलन, तेज बुखार, खांसी और जुकाम जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं। बीमारी को फैलने से रोकने के लिए स्कूलों में छुट्टी कर दी गई।

इसके चलते चीन की राजधानी बीजिंग और उसके 500 मील (करीब 800 किमी) के दायरे में सभी अस्पताल मरीजों से भर गए। अलजजीरा के मुताबिक, बीजिंग के एक अस्पताल में इस बीमारी से पीड़ित करीब 1200 मरीज हर दिन इमरजेंसी में भर्ती हो रहे हैं।

वहीं, वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (WHO) ने बताया कि चीन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांस से जुड़ी एक बीमारी फैलने की जानकारी दी थी।

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